Friday, November 25, 2011

ये सायरी सिर्फ एक संदेश नहि है,

ये सायरी सिर्फ एक संदेश नहि है,
इसमे छिपा मेरा प्यर भि देखियेगा !
मोहब्बत तो हम हज़ारो से करते है,
मगर आप हज़ारो मे सिर्फ अपने लिये मोहब्बत देखियेगा !!
भीड तो लगति है हर मेले को देखने के लिये,
मगर आप खुद के चारो तरफ लगी भीड को मेले मे देखियेगा !!!

लेखक :: रोशन धर दुबे
तिथि :: 11 आप्रैल 2011 (समय सयंकाल 5:59)

1 comment:

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Thanks & Regards By- Roshan Dhar Dubey